Press Release: 28-03-2020

Kerala plans three months buffer food stock: Chief Minister
Records first Covid-19 death, Drop in new cases, only six reported today, total 165

Kerala Chief Minister, Shri Pinarayi Vijayan today announced that the State plans to keep adequate food stock during this lockdown period and the citizens need not do panic shopping. “We are taking all possible steps to ensure the availability of food stock and our plan is to have a three months buffer food stock in the State”, he said during his daily interaction with the media at the Secretariat in Thiruvananthapuram.

Necessary instructions have been given to various organisations like the FCI, Kerala State Co-operative Consumers Federation (ConsumerFed), the Kerala State Co-operative Marketing Federation (MarketFed) and the Kerala State Civil Supplies Corporation (SupplyCo) to work together in aggregating the stock consisting of foodgrains, dry ration, essential commodities and perishable goods. The Central Government and the National Agricultural Cooperative Marketing Federation of India (NAFED) has offered all support in our efforts to ramp up the food stock. Even though the State is in a lockdown, the food consumption is expected to increase due to the forthcoming Easter and Vishu festivals.

Collection and distribution of local produce like fruits and vegetables will be done using the regional vendors. There is vegetable cultivation in Kerala is spread over 57,000 hectares. The harvesting of vegetables and fruits like Pineapple will be allowed provided they take proper safety precautions.

“Steps are being taken to explore online distribution channels to encourage online shopping and home delivery so that people don’t have to come out of their homes during the lockdown. We will also make the necessary arrangements to transport the food stock by road, rail and waterways. Freight transport has been exempted from the lockdown restrictions. We plan to start the distribution of rice through Ration Shops from April 1st.

Only six fresh cases were reported today in Kerala taking the total number to 165. Two of the new cases are from Thiruvananthapuram District, and one each from Kollam, Palakkad, Malappuram and Kasargod Districts. Two patients from Kottayam and one each from Thiruvananthapuram and Ernakulam districts have fully recovered. This includes one foreign national. 

1,34,370 persons are under observation in the State including 1,33,750 under home observation and 620 in hospitals. 148 people were hospitalised today. 6,067 samples have been sent for testing and 5,276  have tested negative. Steps are being taken to start the rapid test at the earliest. 

Kerala satisfied with TN response, concerned with Karnataka actions

Chief Minister, Shri Pinarayi Vijayan today appreciated the intervention of the Tamil Nadu Government in resolving the inter-state goods movement issue through Palakkad check post. Trucks and vehicles have been instructed to be disinfected before crossing the border. Kerala Minister for Water Resources, Shri K Krishnankutty will be meeting  TN Minister for Municipal Administration, Shri S P Velumani and Deputy Speaker, Shri V Jayaraman tomorrow at Nadupuni check-post to address the issues there.

However, the Chief Minister expressed his concern over the non-cooperation from the Karnataka Government in removing the roadblocks erected by them on the roads bordering Malapuram district. “Karnataka has not heeded to our request to remove the roadblocks. I have been trying to contact their Chief Minister, Shri B S Yeddyurappa but not able to reach him. We have briefed the Union Minister Shri D V Sadananda Gowda and he has offered to resolve the issue. Our Chief Secretary has also briefed the Central Cabinet Secretary and we expect a resolution soon. We request Karnataka to consider opening the borders for patients requiring emergency treatment as they are closer to Mangalore, especially dialysis patients. People of Malappuram are dependent on Mangalore for most of their needs including health services.”
 
“The Chief Ministers of different states are in touch with us regarding the status of their people here in Kerala. We have also informed the governments of TN, Nagaland, Jharkhand, West Bengal, Manipur, Rajasthan and MP about the steps being taken for the welfare of migrant labourers in Kerala. We have appointed a senior officer to coordinate the efforts at the State level,” he added.  

Minister of Health and Social Welfare, Smt K K Shailaja Teacher, and Revenue Minister, Shri E Chandrasekharan, were also present during the briefing today.

केरल में कोविड-19 से पहली मौत, राज्य में आज सिर्फ़ 6 नए मामले

तिरुवनंतपुरम, मार्च 28: केरल में अगले तीन महीनों तक के लिए खाद्य पदार्थों का इंतज़ाम रहेगा। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने इसके लिए राज्य सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी देते हुए बताया कि आज ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट के अधिकारियों की एक मीटिंग की गई थी, जिसमें ज़रूरी सामान जैसे चावल, गेहूं, दालें, फल, सब्ज़ियां इत्यादि की उपलब्धता की समीक्षा की गई है।

“अधिकारियों से कहा गया है कि वह सब्ज़ियां, फल, दही, दूध, अंडे और सूखा राशन लोगों तक पहुंचाने के लिए ज़रूरी क़दम उठाएं। एफ़सीआई, राज्य नागरिक आपूर्ति निगम यानि सप्लाईको, राज्य सहकारी विपणन संघ यानि मार्केटफ़ेड और राज्य सहकारी उपभोक्ता संघ यानि कन्स्यूमरफ़ेड से कहा गया है कि वह तीन महीने का खाने का सामन अपनी इनवेंटरी में रखें। दूसरे राज्यों से सामान लाने के लिए सड़क, रेल और जलमार्ग का इस्तेमाल किया जाएगा। इसके लिए ज़रूरी कार्यवाही की जा रही है। केंद्र सरकार और नाफ़ेड ने भी मदद का आश्वासन दिया है। हम एक अप्रैल से राशन की दुकानों से चावल का वितरण शुरू करेंगे,” मुख्यमंत्री ने बताया। लॉकडाउन के दौरान ईस्टर और विषु त्यौहार मनाए जाएंगे, इसलिए खाद्य पदार्थों की खपत बढ़ने की आशंका के चलते मुख्यमंत्री ने ये आश्वासन दिया।

मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी देते हुए ये भी कहा कि लोगों तक ज़रूरी खाद्य पदार्थ पहुंचाने का काम जल्द ही शुरु होगा। सरकार हर घर चावल और बाकी ज़रूरी सामान का एक किट पहुंचाएगी। उन्होंने जनता से अपील की कि यदि उन्हें सरकारी मदद की ज़रूरत नहीं है, तो वह खुद आगे आकर ऐसा कहें, ताकि ज़रूरतमंदों तक सामान पहुंचाया जा सके। मुख्यमंत्री ने बताया कि, “इसके लिए एक नंबर जल्द ही साझा किया जाएगा, जिसपर आप फ़ोन कर हमें सीधी जानकारी दे सकते हैं।”

“खाद्य पदार्थों का वितरण ऑनलाइन ज़रिए से करने के लिए हम काम कर रहे हैं। फल और सब्ज़ियों का संग्रह और वितरण स्थानीय वॉलंटियर्स द्वारा किया जाएगा। केरल में सब्ज़ी की खेती 57,000 हेक्टेयर में फैली हुई है। अनानास जैसे फलों की कटाई की अनुमति दी जाएगी, बशर्ते किसान उचित सावधानी बरतें,” मुख्यमंत्री ने कहा।

कोरोनावायरस से एर्णाकुलम ज़िले में आज 69 साल के एक व्यक्ति की अस्पताल में मौत हो गई। यह व्यक्ति हाल ही में दुबई से आया था। आज राज्य में आज कुल 6 नए मामले आए हैं, जिसके बाद केरल में कोविड-19 के एक्टिव मरीज़ो की कुल संख्या 165 हो गई है। नए मामले तिरुवनंतपुरम (2), कोल्लम(1), पालक्काड(1), मलप्पुरम(1) और कासरकोड(1) में सामने आए हैं। “आज चार व्यक्तियों की ठीक होने के बाद अस्पताल से छुट्टी हो गई, इसमें एक विदेशी नागरिक भी है। इस समय कुल 1,34,370 लोग आइसोलेशन में हैं, जिनमें 1,33,750 घर पर ही आइसोलेटेड हैं, जबकि 620 अस्पतालों में हैं। आज 148 नए एडमिशन हुए हैं। 6067 सैंपल टेस्ट के लिए भेजे गए, जिनमें से 5276 नेगेटिव पाए गए हैं,” मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान बताया।

तमिलनाडु की प्रतिक्रिया से संतुष्ट, कर्नाटक के रवैये से चिंतित: मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने बताया कि तमिलनाडु सरकार ने पालक्काड चेकपोस्ट द्वारा ट्रकों की आवाजाही के लिए सहयोग देने का भरोसा जताया है। लेकिन कर्नाटक सरकार ने अभी भी बॉर्डर से रोक नहीं हटाई है, जिसके चलते ज़रूरी सामान राज्य तक नहीं पहुंच पा रहा। मुख्यमंत्री ने बताया कि कई कोशिशों के बावजूद उनकी बात कर्नाटक के मुख्यमंत्री श्री येदियूरप्पा से नहीं हो पाई है। दोनों राज्यों के मुख्य सचिवों के बीच बातचीत हुई है, और केरल सरकार ने केंद्रीय कैबिनेट सचिव तक भी ये बात पहुंचा दी है। “केंद्रीय मंत्री डी वी सदानंद गौड़ा ने आज श्री येदियूरप्पा से इस बारे में बात की और मुख्यमंत्री ने कहा है कि वह इस मुश्किल का हल अपनी सरकार से बातचीत कर निकालेंगे।”